नकली मावे से सावधान
भारत त्योहारों का देश है और हर त्यौहार बिना मिठाई के अधूरा है। हमारी संस्कृति में मिठाई का पद महत्वपूर्ण स्थान है। कोई भी खुशी का मौका हो ऐसे में अगर मिठाई नहीं है तो सारी तैयारियां अधूरी सी लगती है। दीपावली का त्योहार निकट आ रहा है। इस समय पूरे देश की मिठाई बाजार में जोरदार उछाल आता है। हमें त्यौहार मनाते समय अपनी सेहत का भी ध्यान रखना है, कहीं ऐसा ना हो कि हम अच्छी मिठाई समझकर नकली मिठाई अपने घर लाएं, और स्वास्थ्यगत समस्याओं का शिकार हो जाए।
कुछ लोग स्वास्थ्य का ध्यान रखते हुए बाजार से मावा खरीद कर लाते हैं और मिठाई खुद घर पर बनवाते हैं, ऐसी में हमें असली और नकली मावे की पहचान जानना जरूरी है, क्योंकि त्यौहार करीब आते ही मार्केट में नकली मावे की खपत बढ़ जाती है।
तिरुपति बालाजी की घटना से ले सीख
तिरुपति बालाजी मंदिर के लड्डू में जानवरों की चर्बी से बना की मछली का तेल होने के बाद मथुरा के वृंदावन से मिलने वाले प्रसाद की पेड़ों में भी मिलावट होने की बात सामने में आई है। जब मथुरा के पेड़ों की जांच की गई तो बात प्रकाश में आई कि पेड़ों में पडने वाले मावे मी स्टार्च पाया गया। इस घटना से श्रद्धालुओं को धर्मस्थल पर प्रसाद लेने में भी संकोच होने लगा है।
कैसे पहचाने असली नकली मावा
त्योहारों की सीजन में मैदा मिल्क पाउडर सिंघाड़े का आता सिंथेटिक मिल्क आदि डालकर मावा तैयार किया जाता है, जिसको खाकर हमारी पाचन शक्ति खराब हो सकती है डायरिया पेट दर्द फूड प्वाइजनिंग भी हो सकती है।
आयोडीन से करें असली नकली की पहचान
एक कटोरी में गर्म पानी लेकर उसमें थोड़ा सा आयोडीन और एक दो चम्मच मावा डाल दें अगर मावा नीले रंग का हो जाता है तो समझ जाइए की मावे मैं किसी चीज की मिलावट की गई है।
हाथ से रगड़कर करें जांच
मावे को उंगलियों पर लेकर रगड़े अगर असली होगा तो दानेदार और चिकना होगा नकली मावा घिसने पर रबड़ जैसा महसूस होगा और केमिकल की महक भी आएगी।
मावे की गोली बनाएं
मावे की छोटी-छोटी गोली बनाएं अगर गोली अमित दरारे पढ़ने लगे और वह टूटने लगे तो समझ जाइए कि यह खाया नकली है, या इसमें कुछ मिलावट की गई है।
मुंह में घुल जाता है असली मावा
दुकान पर मावा खरीदते समय, थोड़ा सा मावा मुंह में डालें। असली मावा मुंह में चिपकता नहीं है और यह तुरंत गल जाता है, लेकिन नकली मावा मुंह में चिपकने लगता है जिससे आप जान सकते हैं कि आप जो मावा खरीद रहे हैं वह असली है या नकली।
24 घंटे तक ही ठीक रहता है असली खोया
असली मावे की सबसे बड़ी पहचान यह है की असली मावा सिर्फ 24 घंटे तक ही सही रहता है उसके बाद वह खराब होने लगता है, लेकिन नकली या मिलावटी मावा 6 से 7 दिनों तक खराब नहीं होता।
शुद्ध खोये से आएगी दूध की महक
असली खोये की खुशबू से दूध की खुशबू आती है, जबकि नकली और मिलावटी खोए से कोई महक सुगंध आपको नहीं आएगी।